शुक्रवार
सप्ताह के प्रत्येक दिन के लिए अनुशंसित पवित्र पाठ — देवता और ग्रह के अनुसार।
लक्ष्मी आरती — 'ॐ जय लक्ष्मी माता' से प्रारम्भ होने वाली — धन, समृद्धि और शुभता की देवी लक्ष्मी की आराधना का सर्वप्रमुख गीत है। यह शुक्रवार,…
श्री महालक्ष्म्यष्टकम् पद्म पुराण से उद्धृत एक भक्तिपूर्ण स्तोत्र है, जिसकी रचना देवराज इन्द्र ने देवी महालक्ष्मी की स्तुति में की थी। इसमें…
दुर्गा चालीसा माँ दुर्गा की भक्ति में रचित चालीस चौपाइयों की अमृत-वाणी है। यह महाशक्ति के अनन्त स्वरूप — महाकाली, महालक्ष्मी, महासरस्वती — औ…
कनकधारा स्तोत्रम् आदि शंकराचार्य (8वीं सदी ई.) द्वारा रचित एक प्रसिद्ध 21-श्लोकीय स्तोत्र है। परंपरा के अनुसार बाल्यावस्था में शंकर जब भिक्ष…
महिषासुरमर्दिनी स्तोत्रम् — जिसे इसके आरंभिक शब्दों से 'अयि गिरिनन्दिनि' भी कहते हैं — शाक्त परंपरा का एक सर्वाधिक प्रिय और लयबद्ध संस्कृत स…
श्री सूक्तम् लक्ष्मी को समर्पित सबसे प्राचीन वैदिक स्तुतियों में से एक है, जो ऋग्वेद के खिलानि (परिशिष्ट) में संकलित है। इसके पन्द्रह मूल मन…