मूल्य निर्धारण हमारे बारे में संपर्क
EN हिन्दी नेपाली
साइन इन मुफ्त शुरू करें

भक्ति

स्तोत्र
गणपति अथर्वशीर्ष
Gaṇapati Atharvashīrṣa

गणपति अथर्वशीर्ष — जिसे गणेशोपनिषद् भी कहते हैं — वैदिक भक्ति साहित्य में विशिष्ट स्थान रखता है। यह लघु उपनिषद् होते हुए…

चालीसा
राम चालीसा
Rāma Cālīsā

राम चालीसा भारतीय भक्ति परम्परा की एक अत्यन्त प्रिय रचना है, जो प्रभु श्री राम — विष्णु के सप्तम अवतार — की महिमा का गुण…

चालीसा
दुर्गा चालीसा
Durgā Cālīsā

दुर्गा चालीसा माँ दुर्गा की भक्ति में रचित चालीस चौपाइयों की अमृत-वाणी है। यह महाशक्ति के अनन्त स्वरूप — महाकाली, महालक्…

स्तोत्र
लिङ्गाष्टकम्
Liṅgāṣṭakam

लिंगाष्टकम् भगवान शिव के पवित्र लिंग-स्वरूप को समर्पित आठ श्लोकों का एक श्रेष्ठ स्तोत्र है। प्रत्येक श्लोक में संस्कृत क…

स्तोत्र
राम रक्षा स्तोत्रम्
Rāma Rakṣā Stotram

राम रक्षा स्तोत्र वैष्णव परंपरा की एक अत्यंत श्रद्धेय कवच-प्रार्थना है। बुधकौशिक ऋषि को भगवान शिव ने स्वप्न में यह स्तोत…

स्तोत्र
मधुराष्टकम्
Madhurāṣṭakam

मधुराष्टकम् वल्लभाचार्य (1479–1531) द्वारा रचित एक श्रेष्ठ संस्कृत काव्य है। शुद्धाद्वैत दर्शन के प्रवर्तक और पुष्टिमार्…

स्तोत्र
कनकधारा स्तोत्रम्
Kanakadharā Stotram

कनकधारा स्तोत्रम् आदि शंकराचार्य (8वीं सदी ई.) द्वारा रचित एक प्रसिद्ध 21-श्लोकीय स्तोत्र है। परंपरा के अनुसार बाल्यावस्…

स्तोत्र
महिषासुरमर्दिनी स्तोत्रम्
Mahiṣāsuramardanī Stotram

महिषासुरमर्दिनी स्तोत्रम् — जिसे इसके आरंभिक शब्दों से 'अयि गिरिनन्दिनि' भी कहते हैं — शाक्त परंपरा का एक सर्वाधिक प्रिय…

स्तोत्र
श्री सूक्तम्
Śrī Sūktam

श्री सूक्तम् लक्ष्मी को समर्पित सबसे प्राचीन वैदिक स्तुतियों में से एक है, जो ऋग्वेद के खिलानि (परिशिष्ट) में संकलित है।…

चालीसा
कृष्ण चालीसा
Kṛṣṇa Cālīsā

कृष्ण चालीसा भगवान श्री कृष्ण की स्तुति में रचा गया चालीस चौपाइयों का लोकप्रिय हिन्दी भक्तिकाव्य है। इसमें दो दोहों के म…

चालीसा
सरस्वती चालीसा
Sarasvatī Cālīsā

सरस्वती चालीसा ज्ञान, विद्या, भाषा, संगीत और कला की देवी माँ सरस्वती को समर्पित चालीस चौपाइयों का भक्तिकाव्य है। यह पारम…

स्तोत्र
आदित्य हृदयम्
Āditya Hṛdayam

आदित्य हृदयम् (अर्थात् 'आदित्य का हृदय') सूर्य देव को समर्पित एक अत्यंत प्राचीन और शक्तिशाली वैदिक स्तोत्र है, जो महर्षि…

आरती
जय अम्बे गौरी
Jaya Ambe Gaurī

दुर्गा आरती — 'जय अम्बे गौरी, मैया जय श्यामा गौरी' से प्रारम्भ होने वाली — देवी दुर्गा की सर्वाधिक प्रिय आरती है। नवरात्…

आरती
जय गणेश जय गणेश देवा
Jaya Gaṇeśa jaya Gaṇeśa devā

गणेश आरती — 'जय गणेश जय गणेश देवा' से प्रारम्भ होने वाली — भगवान गणेश की सर्वाधिक लोकप्रिय स्तुति है। पूजा के अन्त में क…

स्तोत्र
गायत्री मन्त्र (सावित्री स्तुति)
Gāyatrī Mantra (Sāvitrī Stuti)

गायत्री मन्त्र सबसे पवित्र वैदिक मन्त्र है, जो ऋग्वेद के तृतीय मण्डल के 62वें सूक्त के दसवें मन्त्र (ऋ.वे. 3.62.10) के र…

स्तोत्र
हनुमान बाहुक
Hanumān Bāhuk

हनुमान बाहुक गोस्वामी तुलसीदास (लगभग १५३२–१६२३ ई.) की ४४ पदों की एक भावपूर्ण हिन्दी/अवधी रचना है, जो रामचरितमानस के रचयि…

चालीसा
हनुमान चालीसा
Hanumān Cālīsā

हनुमान चालीसा संत-कवि गोस्वामी तुलसीदास (लगभग 1532–1623 ई.) द्वारा अवधी भाषा में रचित चालीस पदों की भक्तिमय रचना है। यह …

आरती
ॐ जय लक्ष्मी माता
Oṃ jaya Lakṣmī mātā

लक्ष्मी आरती — 'ॐ जय लक्ष्मी माता' से प्रारम्भ होने वाली — धन, समृद्धि और शुभता की देवी लक्ष्मी की आराधना का सर्वप्रमुख …

चालीसा
शिव चालीसा
Śiva Cālīsā

शिव चालीसा भगवान शिव को समर्पित एक चालीस-छंदीय भक्ति-काव्य है, जो मध्यकालीन अवधी हिंदी की चौपाई-दोहा शैली में रचा गया है…

स्तोत्र
शिव ताण्डव स्तोत्रम्
Śiva Tāṇḍava Stotram

शिव ताण्डव स्तोत्रम् एक महान संस्कृत स्तोत्र है, जिसकी रचना लंकापति रावण ने की थी — जो एक महान विद्वान और शिव के परम भक्…

स्तोत्र
विष्णु सहस्रनाम
Viṣṇu Sahasranāma

विष्णु सहस्रनाम महाभारत के अनुशासन पर्व (अध्याय १४९) में संकलित एक अत्यंत पवित्र स्तोत्र है। इसे मरणशय्या पर पड़े भीष्म …